◾कैंची धाम क्षेत्र में पर्यटकों के नदी में उतरने पर प्रशासन सख्त
◾ खतरा टालने को चेतावनी बोर्ड लगा उठाए जाएंगे ठोस कदम
◾ एसडीआरएफ की तैनाती पर बैठक में होगा मंथन
((( टीम तीखी नजर की रिपोर्ट)))

अल्मोड़ा हल्द्वानी हाईवे पर आस्था के केंद्र सुप्रसिद्ध कैची धाम क्षेत्र में कोसी नदी में उतर रहे श्रद्धालुओं के मामले में प्रशासन अलर्ट मोड पर आ गया है। मामले को गंभीरता से ले उपजिलाधिकारी कोश्या कुटोली पारितोष वर्मा ने नदी में उतरने वाले सभी रास्तों को बंद करने तथा चेतावनी बोर्ड लगाए जाने के निर्देश पर्यटन विभाग को दिए हैं। एसडीएम के अनुसार खतरा टालने तथा श्रद्धालुओं की सुविधा को ठोस कदम उठाए जाएंगे। समाचार पोर्टल तीखी नजर ने रविवार को मामला प्रमुखता से उठाया था।
दरअसल हाईवे पर कैंची धाम स्थित सुप्रसिद्ध बाबा नीम करोली आश्रम में रोजाना हजारों श्रद्धालु उमड़ रहे हैं। श्रद्धालुओं की सुविधानुसार मंदिर परिसर में विशेष प्रबंध किए गए हैं जबकि हाईवे पर यातायात व्यवस्था को चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात है पर अब पर्यटक मंदिर के समीप बहने वाली उत्तरवाहिनी शिप्रा नदी की ओर रुख करने लगे हैं। जिससे दुर्घटना का खतरा बढ़ता जा रहा है। घंटो तक नदी क्षेत्र में बिताने के बाद पर्यटक वापस लौट रहे हैं। पर्यटकों के सैकड़ों की संख्या में नदी में पहुंचने पर बड़ी घटना का अंदेशा है। तीखी नजर समाचार पोर्टल ने खतरे से संबंधित मुद्दा उठाया। ऐसे में अब प्रशासन भी अलर्ट मोड पर आ गया है। एसडीएम पारितोष वर्मा ने पर्यटन विभाग को हाइवे से नदी क्षेत्र में उतरने वाले सभी रास्तों को बंद करने तथा जगह जगह चेतावनी बोर्ड लगाने के आदेश दिए हैं। एसडीएम पारितोष वर्मा के अनुसार धाम में पहुंचने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा को सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं। नदी क्षेत्र में प्रवेश प्रतिबंधित किया जा रहा है ताकी संभावित खतरे को टाला जा सके। एसडीआरएफ की तैनाती को बैठक में निर्णय लिया जाएगा।