= चपेट में नही आया कोई वाहन बडा़ हादसा टला
= हाईवे से सटी थुआ की पहाडी पर लगी आग से खतरा
= खतरे के बीच जारी रही आवाजाही

(((ब्यूरो चीफ विरेन्द्र बिष्ट/फिरोज अहमद/सुनील मेहरा/भीम बिष्ट की रिपोर्ट)))

जंगलों में लगी आग अब खतरा बढ़ाने लगी है। अल्मोड़ा हल्द्वानी हाईवे पर उस वक्त बड़ा हादसा टल गया जब लोहाली के समीप थुआ कि पहाड़ी पर जबरदस्त धमाके के साथ बड़े बोल्डर हाईवे पर आ गिरे। जंगल में लगी आग से पत्थर गरम होकर चटकने लगे हैं। गनीमत रही कि कोई यात्री वाहन चपेट में नहीं आया और बड़ा हादसा टल गया। खतरे के बीच आवाजाही सुचारू रही।
जंगलों में लगी आग अब दायरा बढ़ाने लगी है। अल्मोड़ा हल्द्वानी हाईवे पर स्थित छड़ा गांव से सटे थुआ के जंगल में बीती शाम आग भड़क गई। देखते ही देखते आग ने जंगल के बड़े हिस्से को चपेट में ले लिया। धीरे-धीरे आग हाइवे से सटे लोहाली की पहाडी़ तक भी पहुंच गई। मध्य रात्रि पहाड़ी पर जबरदस्त धमाके के साथ बड़े बोल्डर हाईवे पर आ गिरे। धमाके की आवाज सुनी छडा़ गांव के कुछ युवक अनहोनी की आंशका से मौके की ओर दौड़े। अंदेशा था कि कोई वाहन चपेट में ना आ गया हो। युवाओं ने मौके पर पहुंच देखा तो कोई भी वाहन की चपेट में नहीं आया। गनीमत रही कि बड़ा हादसा टल गया। हालांकि खतरे के बीच लगातार आवाजाही सुचारू रही। क्षेत्रवासियों ने वन विभाग की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए। कहा कि जंगल की आग शुरुआती चरण में काबू की जा सकती है पर वन विभाग कतई गंभीर नहीं है। हाइवे से सटे जंगलों में आग लगने से पत्थर गिरने का खतरा बढ़ गया है।