◾बेतालघाट में पकड़े गए केंद्र संचालक से बड़े खुलासे होने की संभावना
◾मुनाफे के लिए अनगिनत फर्जी प्रमाण पत्र तैयार करने की चर्चा
◾आरोपित लंबे समय से मुख्य बाजार में संचालित कर रहा था जन सेवा केंद्र
◾ पुलिस का दावा, जांच में खुलेगी फर्जीवाड़े की परतें, कसा जाएगा शिंकजा
((( टीम तीखी नजर की रिपोर्ट)))
ब्लॉक मुख्यालय स्थित बेतालघाट मुख्य बाजार क्षेत्र में फर्जी आय प्रमाण पत्र तैयार किए जाने के मामला का खुलासा होने के बाद अब चर्चाओं का बाजार भी गरमा गया है। शातिराना अंदाज से प्रमाण पत्र तैयार कर ग्रामीणों को योजना का लाभ दिलाने का लालच दे मनमाने पैसे वसूले जाने की चर्चाएं तेज हो गई है। चर्चाओं पर गौर करें तो फर्जी प्रमाण पत्र तैयार करने वाला मास्टरमाइंड अब तक अनगिनत फर्जी प्रमाण पत्र तैयार कर चुका है। जांच में भी कई ऐसे मामलों के खुलासे होने की संभावनाओं को बल मिल रहा है। थानाध्यक्ष मनोज नयाल के अनुसार जांच में खुलासे होने पर लिप्त लोगों को रडार पर लिया जाएगा।
सरकार की महत्वाकांक्षी नंदा गौरा योजना में फर्जी आय प्रमाण पत्र के सामने आने तथा फर्जी प्रमाण पत्र तैयार करने वाले आरोपित मास्टरमाइंड की गिरफ्तारी के बाद तमाम गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। सरकारी योजना से खिलवाड़ कर शातिराना ढंग से आय प्रमाण पत्र तैयार करने के मामले का खुलासा होने से पंचायत प्रतिनिधि, व्यापारी व क्षेत्रवासी भी हैरत में हैं। चर्चा है की आरोपित ग्रामीणों को योजना का लाभ दिलाने का झांसा दे मनमाने पैसे भी वसूलता। अंदेशा है कि आरोपित कई फर्जी प्रमाण पत्र तैयार कर चुका था। यही नहीं आरोपित दूसरे सीएससी संचालक की आईडी से प्रमाण पत्र बनाने के खेल को धड़ल्ले से अंजाम थे रहा था। शातिर ने फर्जी मोहर भी बनाई थी। जिसे पुलिस ने बरामद भी कर लिया है। जांच आगे बढ़ने पर कुछ और अहम खुलासे हो सकते है। अंदेशा है की गरीब तबके के लोगों को लालच दे मोटी धनराशि भी वसूली गई। बहरहाल बेतालघाट क्षेत्र में फर्जी प्रमाण पत्र तैयार किए जाने का पहला मामला सामने आने के बाद हड़कंप मचा हुआ है। थानाध्यक्ष मनोज नयाल के अनुसार सभी बिंदुओं को ध्यान में रख जांच की जा रही है।
