🔳 प्रचार को गांव पहुंच रहे प्रत्याशियों को ग्रामीण बता रहे समस्या
🔳 समाधान को पूछ रहे भविष्य की रणनीति
🔳 लगातार खेती चौपट होने से दिखा रहे खेतों की स्थिति
🔳 चौतरफा उठ रही समस्या, खेती चौपट होने से मायूस हैं किसान
[[[[[[[[[[[[[ टीम तीखी नजर की रिपोर्ट ]]]]]]]]]]]]]]
पंचायत चुनाव में गांवों में प्रचार अभियान को पहुंच रहे प्रत्याशियों को ग्रामीण तमाम समस्याओं से रुबरु करा रहे हैं। गांवों से चौतरफा खेतीबाड़ी खत्म होने का मामला जोर-शोर से उठ रहा है। ग्रामीण जंगली जानवरों के बढ़ते आंतक से निजात दिलाने की गुहार लगा रहे हैं। बंजर होते जा रहे खेतों को दिखा फिर से आबाद करने को ठोस उपाय किए जाने की मांग उठा रहे हैं। ग्राम प्रधान संगठन के निवर्तमान प्रदेश सचिव खेती बचाने को तारबाड़ नहीं बल्की सूअररोधी मजबूत दीवार की जरुरत है ताकी खेती सुरक्षित हो सके।
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के मतदान की तारीख नजदीक आने के साथ ही प्रत्याशियों की धड़कनें भी बढ़ने लगी है। बेतालघाट ब्लॉक के गांवों में पहुंच रहे प्रत्याशियों के सामने जंगली जानवरों से चौपट हो चुकी खेती का मुद्दा जोर शोर से उठ रहा है। कोसी घाटी के शुरुआती छोर से अंतिम छोर तक जंगली जानवरों का मुद्दा छाया हुआ है। खेतीबाड़ी पर निर्भर होकर आजिविका चला रहे किसान बेहद चिंतित हैं। प्रत्याशियों को समस्या से रुबरु कराकर बकायदा बंजर खेतों की स्थिति भी दिखा रहे हैं। धनियाकोट निवासी प्रगतिशील किसान कृपाल सिंह मेहरा के अनुसार गांवों में आजिविका का एक मात्र सहारा खेतीबाड़ी है पर जंगली सूअर, बंदर, खरगोश खेती को बर्बाद कर दे रहे हैं। बजेडी निवासी हीरा सिंह, राजेंद्र सिंह, सुनील सिंह, कुलदीप सिंह ने खेतीबाड़ी पर संकट बन चुके जंगली जानवरों के बढ़ते आंतक पर चिंता जताई है। तमाम गांवों के किसान कहते हैं की यदि यही स्थिति रही तो एक दिन खेतीबाड़ी इतिहास बन जाएगी। गांवों के लोग प्रत्याशियों से समस्या के समाधान कै भविष्य में किए जाने वाले कार्य की रणनीति पूछने से भी पीछे नहीं हटे रहे। ग्राम प्रधान संगठन के प्रदेश सचिव शेखर दानी के अनुसार तारबाड़ नहीं बल्की खेतों के चारों ओर मजबूत सुरक्षा दीवार निर्माण ही जंगली जानवरों के आंतक से निजात दिलाने में मददगार हो सकती है। बहरहाल पंचायत चुनाव में जंगली जानवरों का मामला बड़ा मुद्दा बनकर सामने आया है अब देखना होगा की कौन समस्या के समाधान को बेहतर पहल कर किसानों को चिंता से मुक्त करता है।
