🔳 हरकत में आए वन विभाग ने मामले की बैठाई जांच
🔳 तीन सदस्यीय टीम ने गांव पहुंचकर लिया जायजा
🔳 पांच पेड़ों की अनुमति की आड़ में कई गुना अधिक पेड़ों को धराशाई किए जाने का अंदेशा
🔳 वन क्षेत्राधिकारी ने किया रिपोर्ट मिलने के बाद होगी कार्रवाई
[[[[[[[[ टीम तीखी नजर की रिपोर्ट ]]]]]]]]
रामगढ़ ब्लॉक के कुलगाढ क्षेत्र में अनुमति से अधिक पेड़ काटे जाने से हड़कंप मच गया है। हरकत में आए वन विभाग ने मामले में जांच शुरु कर दी है। वन क्षेत्राधिकारी विजय भट्ट के अनुसार तीन सदस्यीय टीम का गठन कर मामले की जांच करवाई जा रही है। रिपोर्ट मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
प्रदेश सरकार जंगलों को बचाने के लिए लगातार पौधरोपण अभियान चलाकर धरा को हरा भरा करने में जुटी हुई है दूसरे और पेड़ों का कटान कर पर्यावरण को नुकसान पहुंचाया जा रहा है। रामगढ़ ब्लॉक के कुलगाढ गांव में अनुमति से अधिक पेड़ काटे जाने से तमाम गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। आरोप है की संरक्षित प्रजाति तुन के महज पांच पेड़ों की अनुमति की आड़ में कई पेड़ों पर आरी चला दी गई है। मामले के उठने के बाद वन विभाग भी हरकत में आ गया है। वन क्षेत्राधिकारी के निर्देश पर बुधवार को वन विभाग की विशेष टीम मामले की जांच को कुलगाढ गांव रवाना हुई। विभागीय टीम ने कटान स्थल का जायजा लिया। अंदेशा है की अनुमति से कई गुना अधिक पेड़ों को धराशाई कर डाला गया है। विभागीय टीम जांच रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को सौंपेगी। मामले के सामने आने से चर्चाओं का बाजार भी गरमा गया है। वन क्षेत्राधिकारी विजय भट्ट ने बताया की मामले की जांच शुरु करा दी गई है। नाप भूमि पर पांच पेड़ों के कटान की अनुमति दी गई थी। तीन सदस्यीय टीम का गठन किया गया है। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
