🔳 तीस वर्ष से खस्ताहाल पुलिया की शुरु करवाई मरम्मत
🔳 शिप्रा नदी पर बनी पुलिया से आवाजाही करते हैं तमाम गांवों के ग्रामीण
🔳 स्कूली बच्चों व किसानों के लिए भी जीवन रेखा
🔳 पुलिया के बदहाल होने से बढ़ता ही जा रहा था अनहोनी का खतरा
[[[[[[[[[[[[[ टीम तीखी नजर की रिपोर्ट ]]]]]]]]]]]]]

अल्मोड़ा हल्द्वानी हाईवे से तमाम गांवों की आवाजाही को शिप्रा नदी में जिस खस्ताहाल सेतू की सिस्टम ने अनदेखी कर दी उसकी मरम्मत का जिम्मा स्थानीय व्यापारी ने उठा लिया। सुरक्षित आवाजाही के लिए व्यापारी रघुराज सिंह बर्गली ने खुद लगभग तीस हजार रुपये खर्च कर पुल की मरम्मत के लिए कार्य शुरु करा दिया है। पुल पर दोनों ओर सुरक्षा के मद्देनजर लोहे के मजबूत गार्डर भी लगाए जा रहे हैं। जनहित के कार्य को आगे आने पर क्षेत्रवासियों ने व्यापारी की सराहना की है।
बेतालघाट ब्लॉक के बारगल, कफूल्टा, गरजोली, गजार, सीम समेत तमाम गांवों की आवाजाही के लिए करीब पचास वर्ष पूर्व रामगाढ़ क्षेत्र में शिप्रा नदी में पुल का निर्माण किया गया। पुल निर्माण से ग्रामीणों को काफि राहत मिली। जिम्मेदारों की अनदेखी से पुल करीब तीस वर्ष से बदहाल हालत में पहुंच गई। कई बार पुल की मरम्मत की मांग उठी पर सुध नहीं ली गई। तीस वर्ष में कई विधायक व सांसद बदल गए। कई पंचायतों के कार्यकाल बदल गए पर पुल की मरम्मत की सुध नहीं ली गई। खस्ताहाल पुल से जान जोखिम में डाल आवाजाही ग्रामीणों की नियति बन गई। जनप्रतिनिधियों व सिस्टम की अनदेखी को देख स्थानीय व्यापारी रघुराज सिंह बर्गली ने महत्वपूर्ण सेतू की मरम्मत का मन बनाया तथा परिवार के वरिष्ठों से चर्चा की। मंगलवार को रघुराज सिंह ने वर्षों से बदहाली का दंश झेल रही पुल की मरम्मत का कार्य शुरु करा दिया। व्यापारी ने जनहित से इस कार्य के लिए खुद करीब तीस हजार रुपये खर्च करेंगे। पुल पर सुरक्षित आवाजाही के लिए दोनों ओर मजबूत गार्डर भी लगाए जाएंगे। पुल की मरम्मत हो जाने से अब तमाम गांवों के ग्रामीण, किसान व स्कूली बच्चों की जिंदगी पर मंडरा रहा खतरा टल सकेंगा। स्थानीय व्यापारी रघुराज सिंह के उठाए गए कदम पर विभिन्न व्यापारिक, सामाजिक संगठनों के साथ ही क्षेत्रवासियों ने सराहना की है।

error: Content is protected !!