🔳 पाडली की पहाड़ी पर जापानी तकनीक से सुरक्षा कार्य में जुटे दर्जनों श्रमिक
🔳 विशेष तकनीक से पहाड़ी पर किया जा रहा कार्य
🔳 श्रमिकों के हौसलों को देख हैरत में लोग
🔳 अंतिम चरण में पहुंचा पहाड़ी से खतरा टालने का कार्य
[[[[[[[[[[[ टीम तीखी नजर की रिपोर्ट ]]]]]]]]]]]]]

अल्मोड़ा हल्द्वानी हाईवे पर पाडली की खतरनाक पहाड़ी से खतरा टालने को जापानी तकनीक से किए जा रहे कार्य में श्रमिक अपनी जान हथेली पर रख हाईवे पर आवाजाही करने वाले यात्रियों की जिंदगी पर मंडरा रहे खतरे को टालने के दिन भर पहाड़ी पर डटकर सुरक्षात्मक कार्यों को अंतिम रुप देने को जुटे हुए हैं। पहाड़ी पर विशेष तकनीक से किए जा रहे कार्यों व श्रमिकों की जद्दोजहद को देखने के लिए हाईवे पर भी लोगों का तांता लग रहा है।
हाईवे पर खतरनाक रुख अपना चुकी पहाड़ी से भूस्खलन रोकने को जायका परियोजना के तहत जापानी तकनीक से युद्ध स्तर पर कार्य जारी है। पहले चरण में हाईवे का एलाइनमेंट बदल नदी की ओर से मजबूत सुरक्षा कार्य के बाद दूसरे व अंतिम चरण में पहाड़ी का उपचार किया जा रहा है। पहाड़ी के उपरी हिस्से में लोहे नुमा जाल बांधकर उसे मजबूती दी गई है अब हाईवे से ऊपर की कार्य शुरु कर दिया गया है। वर्ष 2010 की आपदा के बाद से पहाड़ी से मंडरा रहे खतरे को टालने के लिए करीब 14.29 करोड़ रुपये के बजट से किए जा रहे हाईटेक तकनीक के जरिए क्रीप वर्क का कार्य गतिमान है। कार्य में जुटे श्रमिक खुद की जिंदगी खतरे में डाल हाईवे पर आवाजाही करने वाली यात्रियों की जिंदगी बचाने को दिनभर पहाड़ी पर कड़ी मशक्कत में जुटे हैं हालांकि श्रमिकों की सुरक्षा को भी कड़े प्रबंध किए गए हैं पर खड़ी चट्टान पर कार्य करने वाले मजदूरों को देख हर कोई हैरत में हैं। हाईवे पर आवाजाही करने वाले श्रमिकों के हौसले को देख हैरत में पड़ जा रहे हैं। कार्यदाई संस्था के प्रोजेक्ट मैनेजर मुकुल कुमार के अनुसार श्रमिकों की सुरक्षा को भी विशेष निगरानी की जा रही है। बताया की सुरक्षात्मक कार्य अंतिम चरण में पहुंच गए हैं जल्द ही खतरा टलने से आवाजाही सुरक्षित हो सकेंगी।

error: Content is protected !!