🔳 शेर पंपिंग पेयजल योजना से भी नहीं मिल रहा समुचित पेयजल
🔳 कई गांवों में पेयजल का इस्तेमाल सिंचाई में करने का आरोप
🔳 जल जीवन मिशन योजना की जांच की उठी मांग
🔳 जल्द आपूर्ति सुचारु न होने पर आंदोलन का ऐलान
[[[[[[ टीम तीखी नजर की रिपोर्ट ]]]]]]]
खैरना रानीखेत स्टेट हाईवे से सटे खुशालकोट गांव के डेढ़ सौ से भी अधिक परिवार बूंद बूंद पानी को तरस रहे हैं। शेर पंपिंग पेयजल योजना से समुचित पेयजल उपलब्ध न होने के साथ ही जल जीवन मिशन योजना भी सफेद हांथी बन चुकी है। पेयजल उपलब्ध न होने से ग्रामीणों का पारा सातवें आसमान पर पहुंचने लगा है। स्थानीय लोगों ने जल्द व्यवस्था में सुधार न होने पर आंदोलन का ऐलान कर दिया है।
गर्मी की शुरुआत के साथ ही गांवों में पेयजल संकट गहराने लगा है। स्टेट हाईवे से सटे खुवालकोट गांव में भी बूंद बूंद पानी को हाहाकार मचा हुआ है। जल जीवन मिशन योजना से पानी की बूंद नहीं टपक रही वहीं कोसी नदी पर बनी शेर पंपिंग पेयजल योजना से भी समुचित पेयजल उपलब्ध न होने से गांव के लोग परेशान है। ग्रामीणों का आरोप है कि उनको पानी की बूंद तक नसीब नहीं हो रही वहीं कई गांवों में पेयजल का इस्तेमाल खेतों में सिंचाई के लिए कर रहे हैं। लंबे समय से समस्या बनी हुई है बावजूद सुध नहीं ली जा रही जिस कारण गांव के डेढ़ सौ से अधिक परिवारों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय गजेंद्र सिंह नेगी, कुंदन लाल, प्रेम सिंह, उत्तम सिंह, भगवत सिंह, जोगा सिंह आदि ग्रामीणों ने शेर पंपिंग पेयजल योजना से समुचित पेयजल उपलब्ध कराने के साथ ही जल जीवन मिशन योजना की जांच की मांग उठा जलापूर्ति सुचारु किए जाने की मांग उठाई है। चेताया है कि यदि जल्द व्यवस्था दुरुस्त नहीं की गई तो गांवों के लोगों को साथ लेकर आंदोलन का बिगुल फूंक दिया जाएगा।
