◾शावक को देखने आसपास के गांवों से पहुंचे ग्रामीण
◾वन विभाग की टीम ने शावक को जंगल में सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया
◾ देर शाम शावक को लेने जंगल में पहुंचा गुलदार
((( टीम तीखी नजर की रिपोर्ट)))
अल्मोड़ा हल्द्वानी हाईवे से तमाम गांवों को जोड़ने वाले काकड़ीघाट – सूरी – गडस्यारी मोटर मार्ग मार्ग पर स्थित गडस्यारी गांव में गुलदार के शावक के पहुंचने से हड़कंप मच गया। अल्मोड़ा वन रेंज से पहुंचे वनाधिकारियों ने गुलदार को जंगल में सुनसान स्थान पर छोड़ दिया। कुछ देर बाद पहुंचा गुलदार शावक को अपने साथ ले गया।
गडस्यारी(ताड़ीखेत ब्लॉक) में दोपहर स्थानीय हरीश चंद्र के गौशाले के समीप गुलदार के एक शावक के पहुंचने से हड़कंप मच गया। सूचना पूरे गांव में आग की तरह फ़ैल गई। शावक को देखने भारी संख्या में लोग पहुंचने लगे। गुलदार को देखने के लिए भीड़ उमड़ने से शावक दहशत में आ गया। घबराए शावक को देख ग्रामीणों ने उसे दूध पिलाकर गौशाले के अंदर सुरक्षित स्थान पर रख दिया। ग्राम प्रधान धरम सिंह ने मामले की सूचना वन विभाग को दी। सूचना पर अल्मोड़ा रेंज के डिप्टी रेंजर हेम चन्द्र मय टीम गांव पहुंचे। गुलदार के शावक को गांव से दूर जंगल में पहुंचाया गया। देर शाम गुलदार शावक को लेकर जंगल की ओर रवाना हो गया। डिप्टी रेंजर हेम चंद्र के अनुसार शावक के उम्र लगभग एक से डेढ़ माह के बीच थी। संभवतः वह परिवार से बिछुड़ रास्ता भटक गया। सुरक्षित जंगल में छोड़े जाने के बाद निगरानी भी की गई। देर शाम जंगल में पहुंचा गुलदार उसे अपने साथ ले गया। डिप्टी रेंजर ने ग्रामीणों से कभी भी शावक के गांव के आसपास दिखाई देने पर भीड़ न लगाने तथा तत्काल वन विभाग को सूचना देने की अपील की है। इस दौरान कुबेर चंद्र आर्या, रणजीत सिंह, कार्तिकेश आदि मौजूद रहे।
