🔳 सुरक्षित आवाजाही की अनदेखी पड़ सकती है भारी
🔳 पहाड़ी से लगातार गिर रहे पत्थर अनहोनी की ओर कर रहे इशारा
🔳 पूर्व में पत्थरों की चपेट में आकर कई लोगों की जिंदगी हो चुकी है खत्म
🔳 प्रांतीय नगर उद्योग व्यापार मंडल ने लोगों की जिंदगी से खिलवाड़ पर जताया रोष
[[[[[[[ टीम तीखी नजर की रिपोर्ट ]]]]]]]]
अल्मोड़ा हल्द्वानी हाईवे पर अतिसंवेदनशील लोहाली की पहाड़ी आवाजाही करने वाले पर्यटकों व यात्रियों के लिए खतरे का सबब बन गई है। करोड़ों रुपये के बजट से पहाड़ी पर सुरक्षात्मक कार्य होने के बावजूद लगातार पहाड़ी से गिर रहे पत्थरों से दुर्घटना जोखिम बना हुआ है क्षेत्रवासियों ने सुरक्षित आवाजाही के लिए ठोस उपाय किए जाने की मांग उठाई है।
लोहाली की अतिसंवेदनशील पहाड़ी से खतरा टालने को सड़क व भूतल मंत्रालय ने एनएच प्रशासन को करोड़ों रुपये का बजट उपलब्ध कराया है। वर्तमान में पहाड़ी पर सुरक्षात्मक कार्य गतिमान है बावजूद पहाड़ी से लगातार गिर रहे पत्थरों से बड़ी अनहोनी का अंदेशा बना हुआ है। सुरक्षित यातायात के उपाय न होने से दुर्घटना का खतरा बढ़ता ही जा रहा है। हाईवे पर सुबह से शाम तक हजारों छोटे बड़े वाहन आवाजाही करते हैं। ऐसे में लोग जान हथेली पर रख आवाजाही को मजबूर होना पड़ रहा है। वाहन चालकों के अनुसार सुरक्षा मानकों की अनदेखी से कभी भी बड़ी घटना सामने आ सकती है। पूर्व में पहाड़ी से गिरे पत्थरों से कई लोग बेमौत मारे भी जा चुके हैं बावजूद सुध नहीं ली जा रही। प्रांतीय नगर उद्योग व्यापार मंडल के प्रदेश उपाध्यक्ष विरेन्द्र सिंह बिष्ट, मनीष तिवारी, फिरोज अहमद, गजेंद्र सिंह आदि ने लगातार बढ़ रहे खतरे के बावजूद अनदेखी पर गहरा रोष जताया है। आरोप लगाया की कई बार आवाज उठाए जाने के बावजूद एनएच विभाग ध्यान नहीं दे रहा। लोगों की जिंदगी से खुला खिलवाड़ किया जा रहा है। दो टूक चेतावनी दी है की यदि जल्द सुरक्षित आवाजाही को ठोस कदम नहीं उठाए गए तो मजबूरन आंदोलन की रणनीति तैयार की जाएगी।
