🔳 देवभूमि व प्रांतीय उद्योग व्यापार मंडल पदाधिकारी पहुंचे तहसील मुख्यालय
🔳 एसडीएम को पत्र सौंप एक दूसरे पर लगाए गंभीर आरोप
🔳 दोनों संगठनों के आमने सामने आने से क्षेत्र के व्यापारी असहज
🔳 बाहरी व्यापारियों से शुल्क वसूलने का मामला पकड़ा तूल
[[[[[[[ टीम तीखी नजर की रिपोर्ट ]]]]]]]]

प्रांतीय उद्योग व्यापार मंडल व देवभूमि व्यापार मंडल पदाधिकारियों ने श्री कैंची धाम तहसील की उपजिलाधिकारी मोनिक को शिकायती पत्र सौंप एक दूसरे पर गंभीर आरोप लगाए हैं। कुछ दिन पूर्व हुए चुनाव के बाद हुए टकराव से क्षेत्र के व्यापारी भी असहज हो गए हैं। एसडीएम मोनिका के अनुसार पुलिस को जांच के लिए निर्देशित किया गया है। क्षेत्र का माहौल खराब नहीं होने दिया जाएगा।
सोमवार को प्रांतीय उद्योग व्यापार मंडल अध्यक्ष नीरज जलाल ने संगठन के पदाधिकारियों को साथ लेकर एसडीएम मोनिका के शिकायती पत्र सौंपा। आरोप लगाया कि कुछ दिन पूर्व हल्द्वानी के चश्मा व आइस्क्रीम विक्रेता को व्यापार मंडल के नियम व शर्तों की जानकारी दे तय शुल्क लिया गया पर देवभूमि व्यापार मंडल के अध्यक्ष ने क्षेत्र का माहौल बिगाड़ने व मानसिक उत्पीड़न के उद्देश्य से प्रशासन को पत्र दिलवाया गया जबकि चश्मा व आइस्क्रीम विक्रेता से दूरभाष पर बातचीत में पता चला की उनसे महज शिकायती पत्र में हस्ताक्षर करा लिए गए। दोनों में से एक ने बताया की वो तहसील में भी नहीं गए। नरेंद्र ने संगठन को बदनाम करने व छवि बिगाड़ने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई किए जाने की मांग उठाई। देवभूमि व्यापार मंडल अध्यक्ष पुष्कर सिंह पनौरा ने भी संगठन के पदाधिकारियों को साथ लेकर एसडीएम को पत्र सौंप प्रांतीय उद्योग व्यापार मंडल पर गंभीर आरोप लगा हड़कंप मचा दिया है। एसडीएम को सौंपे शिकायती पत्र के माध्यम से बताया कि हल्द्वानी निवासी चश्मा व आइस्क्रीम विक्रेता ने स्वयं तहसील पहुंचकर शुल्क वसूलने जाने की शिकायत की। बताया की देवभूमि व्यापार मंडल संगठन के अस्तित्व में आने के बाद से ही क्षेत्र से प्रांतीय उद्योग व्यापार मंडल का अस्तित्व खत्म होने के कगार पर पहुंच गया है। देवभूमि व्यापार मंडल के प्रस्तावित शपथ ग्रहण समारोह में भी खलल डालने का षड़यंत्र रचा जा रहा है। संगठन के अध्यक्ष पुष्कर सिंह पनौरा व अन्य पदाधिकारियों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर उचित कार्रवाई किए जाने पर जोर दिया। साफ कहा की व्यापारियों का उत्पीड़न बर्दाश्त नहीं होगा। एसडीएम मोनिका ने बताया की दोनों संगठनों के शिकायती पत्र मिलने के बाद पुलिस को जांच के लिए निर्देशित कर दिया गया है। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।