🔳 बंदरों के आंतक से लोग लोहे के जाल लगाने को हुए मजबूर
🔳 दुकानों व घरों से सामान उठा ले जा रहे बंदर
🔳 जगह जगह उत्पात मचा रहा बंदरों का झुंड
[[[[[[ टीम तीखी नजर की रिपोर्ट ]]]]]]
कोसी घाटी में बंदरराज होने से गांवों के साथ ही नगरीय क्षेत्रों में रहने वाले लोग भी परेशान है। बंदरों से बचने को दुकानदारों व आवासीय भवन स्वामी लोहे के जाल लगाने को मजबूर हो चुके हैं। गरमपानी खैरना बाजार क्षेत्र में अधिकांश दुकानदार बंदरों के उत्पात से परेशान होकर लोहे के जाल से बनी जेलनुमा चारदीवारी के अंदर से दुकानदरी को विवश हो चुके हैं।
बेतालघाट ब्लॉक के तमाम गांवों व बाजार क्षेत्रों में बंदरों का उत्पात चरम पर है। बंदरों का झुंड लोगों के लिए मुसीबत बन चुका है। कटखने बंदर लोगों पर हमलावर भी हो जा रहे हैं। कई लोग घायल तक हो चुके हैं। बंदरों के आंतक से बचाव को गरमपानी खैरना समेत तमाम अन्य बाजार क्षेत्र अब जेलों में तब्दील हो चुकी है। दुकानों के अंदर से सामान उठा ले जाने से व्यापारियों को काफि नुकसान उठाना पड़ रहा है। नुकसान से बचने को अब व्यापारियों ने दुकानों के बाहर लोहे के जाल स्थापित कर दिए है जिससे अधिकांश दुकानें जेलों में तब्दील हो गई है। व्यापार मंडल अध्यक्ष गजेंद्र सिंह नेगी के अनुसार वन विभाग से कई बार गुहार लगाए जाने के बावजूद बंदरों का आंतक रोकने को ठोस कदम न उठाए जाने पर व्यापारियों ने खुद ही दुकानों के बाहर लोहे के जाल स्थापित कर लिए हैं। लोहे के जाल लगने से काफिर हद तक दुकानदार नुकसान से बच रहे हैं।
