🔳 कई बार सफाई अभियान के बाद भी अराजक तत्व नहीं आ रहे बाज
🔳 दुर्गंध से संगम पर स्थित मोक्षधाम में अंत्येष्टि भी हुई मुश्किल
🔳 अराजक तत्व मनमानी पर आमादा जिम्मेदार मौन
🔳 विभिन्न संगठनों से जुड़े लोगों ने जताया रोष
[[[[[[ टीम तीखी नजर की रिपोर्ट ]]]]]]]
जीवनदायिनी कोसी व पवित्र शिप्रा नदी के संगम में धड़ल्ले से गंदगी डाल आस्था से खुलेआम खिलवाड़ किया जा रहा है बावजूद जिम्मेदार पदों पर बैठे जनप्रतिनिधि व विभागीय अधिकारी मौन है। भीषण गंदगी से उठ रही दुर्गंध से संगम पर स्थित मोक्ष धाम में अंत्येष्टि को पहुंचने वाले लोग भी परेशान हैं पर ध्यान नहीं दिया जा रहा। प्रशासन व जिला पंचायत के कई बार सफाई अभियान के बाद भी अराजक तत्व संगम तट पर गंदगी डाल जा रहे हैं।
खैरना क्षेत्र में जीवनदायिनी कोसी व पवित्र शिप्रा नदी का संगम क्षेत्र गंदगी से कराह रहा है। दोनों नदियों का धार्मिक महत्व होने से गांवों के लोग धार्मिक अनुष्ठान के लिए संगम पर पहुंचते हैं पर संगम क्षेत्र की दुर्दशा व समीप ही बजबजा रही गंदगी तमाम परेशानियों का सामना करने को मजबूर हो चुके हैं। संगम पर स्थित मोक्ष धाम में तमाम गांवों के लोग अंत्येष्टि को पहुंचते हैं पर गंदगी से उठ रही भीषण दुर्गंध से अंत्येष्टि करना मुश्किल होता जा रहा है। मोक्ष धाम के समीप गंदगी से लोगों में गहरी नाराजगी भी है। श्री कैंची धाम तहसील प्रशासन व जिला पंचायत नैनीताल तथा टैक्सी यूनियन खैरना के कई बार सफाई अभियान चलाए जाने के बावजूद धड़ल्ले से गंदगी डाल प्रशासन को खुली चुनौती दी जा रही है। गुरुवार को छड़ा क्षेत्र से अंत्येष्टि को पहुंचे ग्रामीणों ने भी बद्तर हालातों पर गहरी नाराजगी जताई। व्यापार मंडल प्रदेश उपाध्यक्ष विरेन्द्र सिंह बिष्ट, क्षेत्रीय जन विकास संघर्ष समिति उपाध्यक्ष मनोज सिंह, संजय बिष्ट, मनीष तिवारी, फिरोज अहमद, गोविंद सिंह नेगी, गजेंद्र सिंह नेगी आदि ने धार्मिक स्थल के समीप गंदगी डालने वालों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई किए जाने की मांग उठाई है। चेतावनी दी है की यदि स्थित में सुधार नहीं हुआ तो आंदोलन को बाध्य होना पड़ेगा।
