◾ एकाएक उफान बढ़ने से नालों पर फंस जा रहे वाहन
◾ब्लॉक मुख्यालय को जोड़ने वाले मार्ग पर जोखिम हुआ दोगुना
◾ पंचायत प्रतिनिधियों व व्यापारियों ने उठाई सुध लेने की मांग
◾अनदेखी पर कभी भी बड़े हादसे का जताया अंदेशा
((( टीम तीखी नजर की रिपोर्ट)))
बेतालघाट ब्लॉक की ग्रामीण सड़कों पर बरसाती नाले खतरे का सबब बने हुए हैं। आए दिन वाहन बरसाती नालों में फंस जा रहे हैं जिससे हादसों का खतरा बढ़ता ही जा रहा है। पंचायत प्रतिनिधियों व व्यापारियों ने बरसाती नालों पर सुरक्षित यातायात के ठोस इंतजाम किए जाने की पुरजोर मांग उठाई है ताकी भविष्य के खतरे को टाला जा सके।
अल्मोड़ा हल्द्वानी हाईवे से ब्लॉक मुख्यालय बेतालघाट समेत तमाम गांवों को जोड़ने वाले रातीघाट – बेतालघाट, भुजान – बेतालघाट समेत तमाम महत्वपूर्ण मोटर मार्ग पर बरसाती नाले खतरे का सबब बन चुके हैं। बारिश में एकाएक नालों में बहाव बढ़ने से खतरा कई गुना बढ़ जा रहा है। रातीघाट – बेतालघाट मोटर मार्ग पर खैराली बरसाती नाले पर बीते रविवार को एक कार के नाले के बीचोंबीच फंस जाने से यात्रियों की जान सांसत में आ गई। पूर्व में भी इसी बरसाती नाले में रसाई गैस से लदा ट्रक भी फंस चुका है। हालांकि समय रहते दोनों वाहन निकाल लिए गए। मोटर मार्ग पर खैराली के अलावा डोलकोट क्षेत्र में भी बरसाती नाले से लगातार खतरा बना हुआ है। भुजान – बेतालघाट व वर्धो – बेतालघाट – भुजान मार्ग पर भी जगह जगह बरसाती नालों से जोखिम बना हुआ है। ग्राम प्रधान संगठन के प्रदेश सचिव शेखर दानी, व्यापारी नेता बालम सिंह बोहरा, बिशन जंतवाल, विरेंद्र सिंह, महेंद्र सिंह बिष्ट, दयाल सिंह दरमाल, फिरोज अहमद, हरीश मेहरा, गजेंद्र नेगी, गोविंद सिंह आदि ने ग्रामीण सड़कों पर खतरे का सबब बन चुके बरसाती नालों पर सुरक्षित यातायात के ठोस इंतजाम किए जाने की पुरजोर मांग उठाई है। अंदेशा जताया है की यदि समय रहते सुध नहीं ली गई तो फिर कभी भी बड़ी घटना सामने आ सकती है।
