🔳 हवन, पूर्णाहुति व महाआरती के बाद लगा भंडारा
🔳 सैकड़ों श्रद्धालुओं ने ग्रहण किया भंडारे का प्रसाद
🔳 भजन कीर्तनों से माहौल हुआ भक्तिमय
🔳 भाजपा किसान नेता ने संतों को सौंपा स्मृति चिन्ह
[[[[[[[[[[[[ टीम तीखी नजर की रिपोर्ट ]]]]]]]]]]]]
जीवनदायिनी कोसी नदी के तट पर स्थित सुप्रसिद्ध बिंदेश्वर महादेव मंदिर में संत बुद्वगिरी की छठी पुण्यतिथि पर धार्मिक अनुष्ठान हुए। हवन, पूर्णाहुति व महाआरती के बाद भंडारा लगा। आसपास के मंदिरों से पहुंचे कई संतों ने कार्यक्रम में पहुंचकर बुद्वगिरी को श्रद्धांजलि दी। भंडारे में आसपास के गांवों से पहुंचे सैकड़ों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया।
शनिवार को बिंदेश्वर मंदिर परिसर में धर्माचार्यों ने यजमानों से धार्मिक अनुष्ठान पूरे कराए। मंदिर के संत रह चुके बुद्वगिरी की पुण्यतिथि पर भाजपा किसान मोर्चा प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य दिलीप बोहरा ने कार्यक्रम में पहुंचे संतों को स्मृति चिन्ह भेंट किए। हवन, पूर्णाहुति व महाआरती के बाद भंडारा लगा। भंडारे में सैकड़ों श्रद्धालुओं ने भंडारे का प्रसाद ग्रहण किया। महिलाओं ने भजन कीर्तनों से माहौल भक्तिमय कर दिया। स्थानीय लोगों ने कहा की संत बुद्वगिरी ने मंदिर निर्माण में अहम भूमिका निभाई साथ ही हमेशा गांव के लोगों को एकजुट रहने का संदेश दिया। संत रवि शंकर, भगवान गिरी, चेतन गिरी, पंकज गिरी, लक्ष्मण गिरी, बनवारी गिरी, हरद्वारी गिरी, कुमार गिरी ने संत बुद्वगिरी को श्रद्धांजलि दी। इस दौरान गोपाल जैडा, धन सिंह, चंदन सिंह, दयाल दरमाल, बचे सिंह, हरीश दरमाल, शेर सिंह, प्रयाग मेहरा, गोधन सिंह, राजेंद्र सिंह, इंदर मेहरा आदि मौजूद रहे।
